मेरे सरकार तशरीफ़ लाने लगे || Mere Sarkar Tashreef Lane Lage
Mere Sarkar Tashreef Lane Lage Lyrics In Hindi
चाँद तारे गगन मुस्कुराने लगे
मेरे सरकार तशरीफ़ लाने लगे
मेरे आक़ा की जब है विलादत हुई
अब्र रहमत के हर सिम्त छाने लगे
धरती अम्बर समां कहकशाँ कुल जहाँ
जिन की आमद पे सब जगमगाने लगे
मिदहते मुस्तफ़ा कर रहा है ख़ुदा
ना’त जिब्रील जिन की सुनाने लगे
लात व उज़्ज़ा गिरे बुझ गया बुतकदा
सारे इब्लीस मा’तम मनाने लगे
आई जब आमद-ए-मुस्तफ़ा की घड़ी
गीत ख़ुशियों के ग़िल्मान गाने लगे
हुर व ग़िल्मा मलाइक भी बहरे अदब
जिनकी चौखट पे सर को झुकाने लगे
रश्क़ करने लगे ज़र्रे तक़दीर पर
चाँद तारों से आँखें मिलाने लगे
मुस्कुराने हमारी लगी ज़िंदगी
ना’त-ए-अहमद जो हम गुनगुनाने लगे
फूल गुंचे चमन और मुश्क़-ए-ख़ुतन
आज ख़ुशबू तसद्दुक ! लुटाने लगे
तसद्दुक ख़ान रज़वी